राजभाषा के रंग में रंगा सांस्कृतिक केंद्र, हिन्दी पखवाड़े में उमड़ा उत्साह


उदयपुर, 9 अक्टूबर। भारत सरकार के संस्कृति मंत्रालय के अधीन संचालित पश्चिमी क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र, उदयपुर में हिन्दी पखवाड़ा के अंतर्गत अधिकारियों, कर्मचारियों, वाहन चालकों एवं एम.टी.एस. वर्ग के लिए विविध राजभाषा हिन्दी प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। पखवाड़े के दौरान प्रश्नोत्तरी, निबंध लेखन, शुद्ध हिन्दी लेखन और श्रुतिलेखन जैसी प्रतियोगिताएं आयोजित की गईं।
कार्यक्रम का समापन हिन्दी कार्यशाला के साथ हुआ। कार्यशाला के मुख्य वक्ता राजभाषा विशेषज्ञ डॉ. जयप्रकाश शाकद्वीपीय रहे, जिन्होंने हिन्दी भाषा के संयोजन, उसकी संवैधानिक व्यवस्थाओं, राजभाषा नियमों, अधिनियमों और प्रावधानों पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने टिप्पणी लेखन में आम तौर पर होने वाली अशुद्धियों और उनके शुद्ध रूपों की जानकारी भी उपस्थित अधिकारियों एवं कर्मचारियों को दी।
कार्यशाला की अध्यक्षता पवन अमरावत, उप निदेशक ने की। स्वागत एवं धन्यवाद ज्ञापन सहायक निदेशक दुर्गेश चांदवानी द्वारा किया गया। हिन्दी पखवाड़े के दौरान आयोजित सभी प्रतियोगिताओं और कार्यशाला में प्रतिभागियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया।
विजेताओं की घोषणा:
अधिकारी वर्ग की तीन प्रतियोगिताओं में—
- राजभाषा प्रश्नोत्तरी में: दुर्गेश चांदवानी प्रथम, सी.एल. सालवी और मुकुल औदिच्य द्वितीय, तथा राकेश मेहता और पूजा सैनी तृतीय स्थान पर रहे।
- हिन्दी टिप्पणी लेखन में: दुर्गेश चांदवानी और राकेश मेहता प्रथम, प्रभुलाल गायरी द्वितीय, तथा सी.एल. सालवी और पूजा सैनी तृतीय स्थान पर रहे।
- शुद्ध हिन्दी लेखन एवं श्रुतिलेखन में: दुर्गेश चांदवानी प्रथम, राकेश मेहता द्वितीय, तथा प्रभुलाल गायरी, जागृत डूंगरवाल और धीरज चंदेल तृतीय स्थान पर रहे।
वाहन चालक एवं एम.टी.एस. वर्ग में—
- हिन्दी वाचन प्रतियोगिता में: शकील मोहम्मद प्रथम, मांगीलाल नाथ और मांगीलाल कुम्हार द्वितीय, तथा प्रकाश गमेती तृतीय स्थान पर रहे।
- श्रुतिलेखन प्रतियोगिता में: राधेश्याम प्रथम, शकील मोहम्मद द्वितीय और मांगीलाल कुम्हार तृतीय स्थान पर रहे।
कार्यशाला का संचालन प्रभारी राजभाषा प्रभुलाल गायरी ने किया।









