जनजातीय गौरव: इतिहास, संस्कृति और नायकों की प्रेरक कहानियों से रूबरू


जनजातीय गौरव वर्ष के तहत आयोजित कार्यक्रमों की श्रृंखला में शुक्रवार को आरएससीईआरटी उदयपुर में भगवान बिरसा मुंडा और अन्य जननायकों पर केंद्रित एक प्रभावी परिचर्चा का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता आरएससीईआरटी निदेशक श्वेता फगड़िया ने की।
मुख्य वक्ता के रूप में अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी टीएडी, डॉ. अमृता दाधीच ने भगवान बिरसा मुंडा के जीवन, व्यक्तित्व और कृतित्व पर आधारित विस्तृत पावर पॉइंट प्रस्तुति के माध्यम से सारगर्भित विचार साझा किए। इसके साथ ही भगवान बिरसा मुंडा के जीवन पर आधारित फिल्म का प्रदर्शन भी किया गया, जिसने उपस्थित जनों को उनके संघर्ष और योगदान से रूबरू कराया।
फिल्म के पश्चात सभागार में उपस्थित प्रतिभागियों के साथ प्रश्नोत्तरी एवं संवाद सत्र आयोजित किया गया, जिसमें प्रतिभागियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। कार्यक्रम में थान सिंह और डॉ. रिपु दमन ने वीर बालिका काली बाई, वीर योद्धा राणा पूंजा तथा अन्य जननायकों के जीवन, बलिदान और प्रेरणादायी प्रसंगों पर प्रभावशाली वार्ताएं प्रस्तुत कीं।


कार्यक्रम में लगभग 200 प्रतिभागियों ने हिस्सा लिया और जनजातीय इतिहास, संस्कृति तथा जननायकों की प्रेरक गाथाओं से अवगत होकर लाभान्वित हुए।









