झीलों की नगरी में आज गूंजेगी जनजातीय गौरव की गाथा

 झीलों की नगरी में आज गूंजेगी जनजातीय गौरव की गाथा

भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर जिला स्तरीय कार्यक्रम आज

भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती के अवसर पर 1 से 15 नवंबर तक उदयपुर में जनजातीय गौरव सप्ताह के अंतर्गत विविध कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। इसी क्रम में 14 नवंबर, शुक्रवार को जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। इस कार्यक्रम में शिक्षा, जनजातीय क्षेत्रीय विकास विभाग, सामाजिक न्याय, संस्कृति एवं युवा विभाग सहित विभिन्न संस्थान भाग लेंगे।

संभागीय आयुक्त सुश्री प्रज्ञा केवलरमानी ने जिला स्तरीय कार्यक्रमों के सुचारू संचालन और समन्वय के लिए टी.ए.डी. उपायुक्त सुश्री निरमा बिश्नोई को नोडल अधिकारी नियुक्त किया है।

आज होंगे ये प्रमुख कार्यक्रम:

आदि चित्र – सुबह 10 बजे टीआरआई परिसर में भारत की जनजातीय कला के चित्रण का अनावरण।

जनजातीय नायकों पर प्रदर्शनी – सुबह 10.30 बजे सूचना केंद्र, मोहता पार्क के पास टीएडी मंत्री श्री बाबूलाल खराड़ी और उदयपुर सांसद श्री मन्नालाल रावत भगवान बिरसा मुंडा की 150वीं जयंती पर जनजातीय नायकों पर आधारित दो दिवसीय प्रदर्शनी का उद्घाटन करेंगे।

सौंध माटी – आदि कलांगन – शिल्पग्राम ‘बंजारा’ में शाम 4 से 5.30 बजे तक जनजातीय कलाकार गायन, वादन, नृत्य और नाटिका प्रस्तुत करेंगे।

आदि धरोहर चित्रण – सुबह 11.30 बजे सिटी पैलेस, उदयपुर में जनजातीय कलाकारों द्वारा भित्ति चित्रण।

कठपुतली खेल – लोककला मंडल में सुबह 10.30 बजे वीर बालिका कालीबाई की जीवनी पर आधारित कठपुतली नाटक का मंचन।

आदि प्रसारण – सुबह 9 से 10 बजे तक संचार सेतु, टीआरआई परिसर में भगवान बिरसा मुंडा की जीवनी पर आधारित वार्ता का आयोजन।

आदि भ्रमण – दोपहर 2 से शाम 5.30 बजे तक 50 जनजातीय विद्यार्थियों को सोलर वेधशाला का भ्रमण करवाया जाएगा, जिसमें उन्हें अंतरिक्ष विज्ञान आमुखीकरण और सूर्य पर होने वाली भौतिक प्रक्रियाओं से अवगत कराया जाएगा।

आदि हाट – सुबह 11 बजे से रात 9 बजे तक गांधी ग्राउंड, उदयपुर में ‘आदि हाट’ का आयोजन।

आदि चर्चा – दोपहर 2.30 बजे आरएससीईआरटी सभागार में भगवान बिरसा मुंडा और जनजातीय नायकों के व्यक्तित्व पर परिचर्चा।

छंद-रंग कविता के संग – टीआरआई में हिंदी और राजस्थानी साहित्यकारों के छंदों का जनजातीय कलाकारों द्वारा रंगीन चित्रण।

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