पर्यटन नगरी उदयपुर से तय होगी देशभर की यात्रा नीति

 पर्यटन नगरी उदयपुर से तय होगी देशभर की यात्रा नीति

दो दिवसीय राष्ट्रीय पर्यटन कॉन्फ्रेंस मंगलवार से प्रारंभ — दो दर्जन से अधिक राज्यों के पर्यटन मंत्री पहुंचे उदयपुर

उदयपुर, 13 अक्टूबर। झीलों और प्राकृतिक सौंदर्य के लिए विश्वभर में प्रसिद्ध पर्यटन नगरी उदयपुर में पर्यटन मंत्रालय के तत्वावधान में दो दिवसीय राष्ट्रीय पर्यटन कॉन्फ्रेंस मंगलवार से होटल मेरिएट में प्रारंभ होगी। इस कॉन्फ्रेंस में केंद्रीय पर्यटन मंत्री श्री गजेंद्र सिंह शेखावत, पर्यटन राज्य मंत्री श्री सुरेश गोपी, राजस्थान की उपमुख्यमंत्री श्रीमती दीया कुमारी, केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपाल तथा विभिन्न राज्यों के पर्यटन मंत्री भाग लेंगे।

राष्ट्रीय कॉन्फ्रेंस की तैयारियाँ जिला कलक्टर नमित मेहता के निर्देशन में पूरी कर ली गई हैं। दो दर्जन से अधिक राज्यों के पर्यटन मंत्री और वरिष्ठ अधिकारी सोमवार देर शाम तक उदयपुर पहुंच चुके हैं।

पर्यटन विकास पर होगा मंथन

कॉन्फ्रेंस का उद्घाटन सत्र मंगलवार सुबह 10 बजे होगा। इसमें पर्यटन मंत्रालय की सचिव वी. विद्यावती सभी आगंतुकों का स्वागत करते हुए कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करेंगी। उद्घाटन सत्र में केंद्रीय पर्यटन मंत्री श्री शेखावत और राज्य मंत्री श्री गोपी का मार्गदर्शन मिलेगा।

इसके पश्चात विभिन्न सत्रों में राज्यों द्वारा पर्यटन विकास को लेकर प्रस्तुतिकरण दिए जाएंगे।

  • प्रथम सत्र में जम्मू-कश्मीर, लद्दाख, हिमाचल प्रदेश, पंजाब, चंडीगढ़, हरियाणा और उत्तराखंड के प्रतिनिधि भाग लेंगे।
  • द्वितीय सत्र में उत्तर प्रदेश, एनसीटी दिल्ली और राजस्थान की प्रस्तुतियाँ होंगी।
  • तृतीय सत्र में आंध्र प्रदेश, तेलंगाना, कर्नाटक, तमिलनाडु, केरल, पुडुचेरी और लक्षद्वीप के प्रतिनिधि शामिल होंगे।
  • चतुर्थ सत्र में गुजरात और महाराष्ट्र अपने अनुभव साझा करेंगे।

कॉन्फ्रेंस के दूसरे दिन पश्चिमी और मध्य क्षेत्र के राज्य/केंद्रशासित प्रदेश — गोवा, दादरा एवं नगर हवेली और दमन एवं दीव, छत्तीसगढ़ तथा मध्य प्रदेश अपनी प्रस्तुतियाँ देंगे। इसके साथ ही पूर्वी और उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के राज्य — बिहार, झारखंड, पश्चिम बंगाल, ओडिशा, अरुणाचल प्रदेश और असम भी अपने विचार साझा करेंगे।

दोपहर बाद के सत्र में उत्तर-पूर्वी क्षेत्र के अन्य राज्य — मणिपुर, मेघालय, मिजोरम, नागालैंड, त्रिपुरा और सिक्किम प्रस्तुतियाँ देंगे। इसके पश्चात “राज्य/केंद्रशासित प्रदेशों के साथ परामर्श बैठक” आयोजित की जाएगी, जिसमें भारत को घरेलू और अंतरराष्ट्रीय पर्यटन बाजारों में एक समग्र पर्यटन गंतव्य के रूप में प्रस्तुत करने के लिए ड्राफ्ट इंटीग्रेटेड टूरिज्म प्रमोशन स्कीम के दिशा-निर्देशों पर चर्चा की जाएगी।

साथ ही, सस्टेनेबल टूरिज्म डेवलपमेंट पर होने वाले आगामी शिखर सम्मेलन के संबंध में राज्य/केंद्रशासित प्रदेशों के अधिकारियों के साथ विचार-विमर्श किया जाएगा। कार्यक्रम का समापन सत्र बुधवार शाम 5:30 बजे होगा।

लाइजनिंग अधिकारियों की बैठक

राष्ट्रीय पर्यटन कॉन्फ्रेंस की तैयारियों को लेकर सोमवार सुबह कलक्ट्रेट सभागार में जिला कलक्टर के निर्देशन में लाइजनिंग अधिकारियों की बैठक आयोजित हुई। एडीएम सिटी जितेंद्र ओझा ने कॉन्फ्रेंस में भाग लेने वाले केंद्र शासित प्रदेशों के उपराज्यपालों, केंद्रीय मंत्रियों और विभिन्न राज्यों के पर्यटन मंत्रियों के आगमन, स्वागत, आवास, परिवहन तथा आयोजन स्थल तक पहुंचाने की व्यवस्थाओं पर विस्तार से चर्चा की।

एडीएम सिटी ने संबंधित अधिकारियों को जिम्मेदारियाँ सौंपते हुए सभी व्यवस्थाओं को समय पर और सुव्यवस्थित ढंग से सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि यह आयोजन उदयपुर की पर्यटन, संस्कृति और आतिथ्य परंपरा को राष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शित करने का एक उत्कृष्ट अवसर है, इसलिए प्रत्येक व्यवस्था उच्च स्तर की होनी चाहिए।

बैठक में पर्यटन उपनिदेशक शिखा सक्सेना सहित सभी लाइजनिंग अधिकारी उपस्थित रहे।

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